हिमालय का विभाजन
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किस विकल्प में हिमालय की मुख्य अनुदैर्ध्य श्रेणियों का उत्तर से दक्षिण की ओर सही क्रम दिया गया है?
Options:
Correct Option: D
Explanation:
मुख्य हिमालयी श्रेणियों के उत्तर में ट्रांस-हिमालय स्थित है। इसके दक्षिण में महान हिमालय या हिमाद्रि, फिर लघु हिमालय या हिमाचल और सबसे दक्षिण में शिवालिक आता है। यह क्रम हिमालय की स्थलाकृति को उत्तर से दक्षिण समझने का आधार है।
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काराकोरम और लद्दाख श्रेणियों को सामान्यतः किस भौगोलिक समूह में रखा जाता है?
Options:
Correct Option: A
Explanation:
काराकोरम और लद्दाख श्रेणियाँ मुख्य हिमालय के उत्तर में स्थित ट्रांस-हिमालयी क्षेत्र का हिस्सा मानी जाती हैं। इस क्षेत्र में ऊँचे पर्वत, हिमनद और ठंडी शुष्क जलवायु मिलती है। काराकोरम में सियाचिन जैसे बड़े हिमनद स्थित हैं।
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देहरादून की भौगोलिक स्थिति किस स्थलरूप को समझने का अच्छा उदाहरण है?
Options:
Correct Option: D
Explanation:
देहरादून शिवालिक और लघु हिमालय के बीच स्थित प्रसिद्ध दून घाटी है। दून घाटियाँ लंबी घाटियों के रूप में मिलती हैं और इनमें अपेक्षाकृत समतल भूमि तथा नदी-निक्षेप पाए जा सकते हैं। इनकी भौगोलिक स्थिति हिमालयी तलहटी और ऊँचे पर्वतीय क्षेत्रों के बीच संक्रमण बनाती है।
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शिवालिक की तलहटी के दक्षिण में भाबर पट्टी की भूमि अत्यधिक छिद्रदार क्यों होती है?
Options:
Correct Option: B
Explanation:
भाबर क्षेत्र में पर्वतीय नदियाँ कंकड़, बजरी और अन्य मोटे अवसाद जमा करती हैं। इन निक्षेपों के बीच रिक्त स्थान अधिक होते हैं, इसलिए पानी तेजी से जमीन में रिस सकता है। यही कारण है कि कई छोटी धाराएँ भाबर में सतह से गायब होकर तराई में फिर दिखाई देती हैं।
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भाबर से नीचे की ओर बढ़ने पर पानी की धाराएँ फिर सतह पर आने वाला नम क्षेत्र कौन-सा है?
Options:
Correct Option: D
Explanation:
तराई भाबर के दक्षिण में स्थित अपेक्षाकृत नम और कई स्थानों पर दलदली पट्टी है। भाबर के मोटे निक्षेपों में रिसा हुआ पानी तराई के महीन अवसादों और कम ढाल के कारण फिर सतह पर आ सकता है। इस क्षेत्र में ऐतिहासिक रूप से घने वन और आर्द्रभूमियाँ रही हैं।
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महान हिमालय की ऊँची चोटियों पर स्थायी हिम और हिमनद मिलने का सबसे सीधा कारण क्या है?
Options:
Correct Option: D
Explanation:
महान हिमालय या हिमाद्रि बहुत ऊँचा है, इसलिए तापमान कम रहता है और कई क्षेत्रों में बर्फ लंबे समय तक बनी रहती है। ऊँचाई, हिमपात और तापमान की परिस्थितियाँ हिमनदों के विकास में मदद करती हैं। हिमनदों का पिघला पानी अनेक हिमालयी नदी प्रणालियों के प्रवाह में योगदान देता है।
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लघु हिमालय की पीर पंजाल और धौलाधार श्रेणियाँ किस व्यापक पट्टी से संबंधित हैं?
Options:
Correct Option: B
Explanation:
हिमाचल लघु हिमालय का दूसरा नाम है। पीर पंजाल और धौलाधार इसकी प्रमुख श्रेणियों में शामिल हैं। यह पट्टी महान हिमालय के दक्षिण में स्थित है और इसमें पर्वतीय घाटियाँ, वन तथा कई बसे हुए क्षेत्र मिलते हैं।
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किस भूवैज्ञानिक प्रक्रिया ने हिमालय में वलित पर्वतों और ऊँची श्रेणियों का निर्माण किया?
Options:
Correct Option: A
Explanation:
भारतीय प्लेट के उत्तर की ओर बढ़ने और यूरेशियाई प्लेट से टकराने से हिमालय का उत्थान हुआ। इस अभिसरण ने चट्टानों में वलन, भ्रंशन और विकृति पैदा की। प्लेटों की गति जारी रहने के कारण हिमालय आज भी सक्रिय विवर्तनिक क्षेत्र है और यहाँ भूकंप का जोखिम बना रहता है।
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हिमालय को युवा वलित पर्वत कहने का उपयुक्त आधार क्या है?
Options:
Correct Option: C
Explanation:
हिमालय का निर्माण भारतीय और यूरेशियाई प्लेटों के अभिसरण के कारण हुआ और भूवैज्ञानिक दृष्टि से इसे युवा पर्वत प्रणाली माना जाता है। इसकी वलित चट्टानें, सक्रिय भ्रंश और निरंतर उत्थान इसके युवा तथा सक्रिय स्वरूप के प्रमाण हैं। यही सक्रियता भूकंप और तीव्र अपरदन से भी जुड़ी है।
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लद्दाख को ‘ठंडा मरुस्थल’ कहने के पीछे प्रमुख भौगोलिक कारण क्या है?
Options:
Correct Option: B
Explanation:
लद्दाख हिमालय की वर्षाछाया में स्थित है। ऊँची पर्वत श्रेणियाँ मानसूनी नमी को रोकती हैं, इसलिए यहाँ वर्षा कम होती है; ऊँचाई के कारण तापमान भी कम रहता है। इस संयोजन से ठंडे मरुस्थल जैसी परिस्थितियाँ बनती हैं और बस्तियाँ अक्सर सिंधु जैसी नदी घाटियों के आसपास केंद्रित होती हैं।
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सियाचिन हिमनद किस पर्वतीय श्रेणी से संबंधित है?
Options:
Correct Option: A
Explanation:
सियाचिन हिमनद काराकोरम पर्वत क्षेत्र में स्थित है। काराकोरम ट्रांस-हिमालय का प्रमुख भाग है और अत्यधिक ऊँची चोटियों तथा बड़े हिमनदों के लिए प्रसिद्ध है। हिमनद क्षेत्र की जलवायु, जल-प्रवाह और सामरिक भूगोल में भी महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
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पर्वतीय क्षेत्र में ‘दून’ और ‘दोआब’ के बीच सही अंतर क्या है?
Options:
Correct Option: B
Explanation:
दून हिमालय में दो पर्वतीय श्रेणियों के बीच स्थित लंबी घाटी को कहते हैं, जैसे देहरादून। दोआब का अर्थ दो नदियों के बीच स्थित भूमि है। दोनों शब्द अलग भौगोलिक आकृतियों के लिए प्रयुक्त होते हैं और परीक्षा में इनका अंतर महत्त्वपूर्ण है।
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यदि कोई छोटी नदी भाबर में बहते-बहते सतह से गायब हो जाए, तो इसका सबसे संभावित कारण क्या होगा?
Options:
Correct Option: D
Explanation:
भाबर के कंकड़-बजरीयुक्त निक्षेप अत्यधिक छिद्रदार होते हैं। इनमें सतही जल तेजी से नीचे रिस सकता है, इसलिए छोटी नदियाँ या धाराएँ कुछ दूरी तक सतह से गायब दिखाई देती हैं। आगे दक्षिण में तराई के कम पारगम्य महीन निक्षेपों के कारण पानी फिर सतह पर आ सकता है।
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हिमालय के पश्चिमी भाग में सर्दियों के दौरान वर्षा और हिमपात लाने वाली मौसम प्रणाली कौन-सी है?
Options:
Correct Option: B
Explanation:
पश्चिमी विक्षोभ पश्चिमी एशिया से आगे बढ़ने वाली मौसम प्रणालियाँ हैं, जो सर्दियों में उत्तर-पश्चिम भारत तक पहुँचती हैं। ये पश्चिमी हिमालय में वर्षा और ऊँचे क्षेत्रों में हिमपात कराती हैं। यह हिमपात रबी फसलों तथा पर्वतीय जल-संसाधनों के लिए महत्त्वपूर्ण है।
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पूर्वी हिमालय में अधिक वर्षा होने की सामान्य वजह क्या है?
Options:
Correct Option: C
Explanation:
पूर्वी हिमालय बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमी से भरी मानसूनी हवाओं के प्रभाव में रहता है। इसलिए कई पूर्वी क्षेत्रों में पश्चिमी हिमालय की तुलना में वर्षा अधिक होती है। हालांकि वर्षा की वास्तविक मात्रा ढाल, ऊँचाई, पवन दिशा और घाटियों के अनुसार बदलती है।
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हिमालयी ढाल पर सड़क कटान के बाद भारी वर्षा हो तो किस खतरे की आशंका बढ़ सकती है?
Options:
Correct Option: B
Explanation:
सड़क निर्माण में ढाल काटना, विस्फोट करना, वनस्पति हटाना और जल-निकासी बदलना पहाड़ी ढाल को अस्थिर कर सकता है। भारी वर्षा चट्टानों और मिट्टी को ढीला करके भूस्खलन की संभावना बढ़ाती है। वैज्ञानिक भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण, उचित निकासी और ढाल स्थिरीकरण जोखिम घटाने में मदद करते हैं।
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हिमालयी नदियों में हिमनदों का योगदान किस रूप में होता है?
Options:
Correct Option: C
Explanation:
हिमनद बर्फ के दीर्घकालिक भंडार हैं। गर्म मौसम में पिघलने वाला हिम कई हिमालयी नदी प्रणालियों की ऊपरी धाराओं को जल देता है। नदी प्रवाह में वर्षा, हिमपिघलन और भूजल का योगदान नदी तथा मौसम के अनुसार बदलता है, इसलिए हिमनदों में बदलाव जल उपलब्धता को प्रभावित कर सकता है।
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हिमालय में प्राकृतिक वनस्पति का ऊँचाई के साथ बदलना किस संकल्पना का उदाहरण है?
Options:
Correct Option: B
Explanation:
हिमालय में ऊँचाई बढ़ने पर तापमान सामान्यतः घटता है और बढ़ने का मौसम छोटा होता जाता है। नमी और ढाल की दिशा भी वनस्पति को प्रभावित करती है। इसलिए तलहटी के उपोष्णकटिबंधीय वनों से समशीतोष्ण वन, अल्पाइन घासभूमि और हिमरेखा के ऊपर विरल वनस्पति तक अलग पट्टियाँ मिलती हैं।
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किस प्रकार की स्थलाकृति हिमालयी तलहटी में शिवालिक और लघु हिमालय के बीच मिलती है?
Options:
Correct Option: D
Explanation:
दून घाटियाँ शिवालिक और लघु हिमालय के बीच कई स्थानों पर फैली लंबी घाटियाँ हैं। देहरादून इसका प्रसिद्ध उदाहरण है। इन घाटियों में अपेक्षाकृत समतल भूमि, नदी निक्षेप और बसावट के अनुकूल परिस्थितियाँ मिल सकती हैं, हालांकि स्थानीय जोखिमों का आकलन आवश्यक है।
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हिमालय में भूकंप की संवेदनशीलता मुख्यतः किससे जुड़ी है?
Options:
Correct Option: C
Explanation:
भारतीय और यूरेशियाई प्लेटों का अभिसरण हिमालय में तनाव और विकृति उत्पन्न करता है। चट्टानों में जमा तनाव के अचानक मुक्त होने से भूकंप आते हैं। इसी कारण हिमालयी क्षेत्रों में निर्माण, सड़क विकास और आपदा प्रबंधन में भूकंपीय जोखिम को ध्यान में रखना चाहिए।