भारत में मृदा का वर्गीकरण
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भारतीय मृदाओं का प्रथम वैज्ञानिक वर्गीकरण किन विद्वानों ने किया?
Options:
Correct Option: A
Explanation:
वोयलकर (1893) और लीदर (1898) ने भारतीय मृदाओं के प्रारंभिक वैज्ञानिक वर्गीकरण का प्रयास किया।
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1957 में भारत का मृदा मानचित्र किस संस्था ने प्रकाशित किया?
Options:
Correct Option: B
Explanation:
NATMO ने 1957 में मृदा मानचित्र प्रकाशित किया था, जिसमें छह प्रमुख समूह और ग्यारह उपसमूह बताए गए।
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नदी द्वारा लाई गई सामग्री के निक्षेप से कौन-सी मिट्टी बनती है?
Options:
Correct Option: C
Explanation:
जलोढ़ मिट्टी नदियों द्वारा लाए गए अवसाद से बनती है और नदी घाटियों, बाढ़ मैदानों तथा डेल्टा क्षेत्रों में मिलती है।
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हर साल बाढ़ से नई उपजाऊ मिट्टी जमा होने वाले मैदान की मिट्टी क्या कहलाती है?
Options:
Correct Option: D
Explanation:
खादर नवीन जलोढ़ मिट्टी है, जो बाढ़ मैदानों में नई परतों के रूप में जमा होती रहती है।
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पुराने जलोढ़ निक्षेप से बने ऊँचे भूभाग को क्या कहते हैं?
Options:
Correct Option: A
Explanation:
बांगर पुराने जलोढ़ निक्षेपों से बना ऊँचा भूभाग है जहाँ सामान्यतः हर साल बाढ़ का पानी नहीं पहुँचता।
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जलोढ़ मिट्टी में सामान्यतः किन पोषक तत्त्वों की कमी रहती है?
Options:
Correct Option: B
Explanation:
जलोढ़ मिट्टी में पोटाश और चूना पर्याप्त हो सकते हैं, लेकिन नाइट्रोजन, फॉस्फोरस और जैव पदार्थों की कमी सामान्य है।
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काली मिट्टी को अन्य किस नाम से जाना जाता है?
Options:
Correct Option: C
Explanation:
काली मिट्टी को रेगड़ या काली कपास मिट्टी भी कहते हैं। इसकी नमी धारण क्षमता कपास के लिए अनुकूल है।
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गर्मियों में दरारें और वर्षा में चिपचिपापन किस मिट्टी की पहचान है?
Options:
Correct Option: D
Explanation:
काली मिट्टी में चिकनी कण संरचना के कारण सूखने पर दरारें पड़ती हैं और गीली होने पर यह चिपचिपी हो जाती है।
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लाल मिट्टी का रंग मुख्यतः किसके कारण होता है?
Options:
Correct Option: A
Explanation:
लाल मिट्टी में लौह यौगिक लाल रंग देते हैं। जलयोजन की स्थिति में यह पीली भी दिख सकती है।
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प्रायद्वीपीय पठार के बाहरी भागों में व्यापक रूप से कौन-सी मिट्टी मिलती है?
Options:
Correct Option: B
Explanation:
लाल और पीली मिट्टियाँ तमिलनाडु, कर्नाटक, तेलंगाना, छत्तीसगढ़, ओडिशा तथा छोटानागपुर के कुछ हिस्सों में मिलती हैं।
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अधिक वर्षा और ऊँचे तापमान में निक्षालन से कौन-सी मिट्टी बनती है?
Options:
Correct Option: C
Explanation:
लैटेराइट मिट्टी गर्म और आर्द्र जलवायु में निक्षालन से बनती है। चूना और सिलिका नीचे चले जाते हैं, जबकि लौह व एल्युमीनियम के अंश अपेक्षाकृत अधिक रहते हैं।
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उर्वरकों के साथ लैटेराइट मिट्टी में कौन-सी फसलें उगाई जा सकती हैं?
Options:
Correct Option: D
Explanation:
उचित प्रबंधन और उर्वरकों के साथ लैटेराइट क्षेत्रों में कॉफी, रबड़ और काजू जैसी फसलें उगाई जा सकती हैं।
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कम वर्षा, तेज वाष्पीकरण और अधिक लवण वाले क्षेत्र में कौन-सी मिट्टी मिलने की संभावना है?
Options:
Correct Option: A
Explanation:
मरुस्थलीय मिट्टी शुष्क और गर्म क्षेत्रों में बनती है। कम वर्षा के कारण लवणों का निक्षालन कम होता है और जैव पदार्थ कम रहते हैं।
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राजस्थान के शुष्क क्षेत्र में सिंचाई से कृषि विस्तार किस परियोजना से जुड़ा है?
Options:
Correct Option: B
Explanation:
इंदिरा गांधी नहर परियोजना ने राजस्थान के शुष्क क्षेत्रों में सिंचाई देकर कृषि विस्तार में सहायता की।
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पहाड़ी ढलानों पर भौतिक अपक्षय से बनने वाली मिट्टी कौन-सी है?
Options:
Correct Option: C
Explanation:
पर्वतीय मिट्टी हिम, वर्षा, तापांतर और ढालों पर अपक्षय से बनती है। ढाल के कारण मिट्टी के पदार्थ बह भी सकते हैं।
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कश्मीर घाटी में केसर की खेती से जुड़ी झील-निक्षेपीय मिट्टी कौन-सी है?
Options:
Correct Option: D
Explanation:
करेवा मिट्टी प्राचीन झीलों के निक्षेप से बनी है और कश्मीर घाटी में केसर, बादाम, अखरोट तथा सेब की खेती के लिए महत्त्वपूर्ण है।
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नहर-सिंचित भूमि पर जलभराव और वाष्पीकरण से सतह पर लवण जमा हों तो क्या समस्या हो सकती है?
Options:
Correct Option: A
Explanation:
जलभराव और वाष्पीकरण से भूमिगत लवण केशिका क्रिया द्वारा सतह पर आ सकते हैं और मिट्टी को लवणीय या क्षारीय बना सकते हैं।
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‘रेह’, ‘ऊसर’ और ‘कल्लर’ किस मिट्टी के स्थानीय नाम हैं?
Options:
Correct Option: B
Explanation:
रेह, ऊसर और कल्लर लवणीय या क्षारीय मिट्टियों के प्रचलित स्थानीय नाम हैं।
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दलदली और अत्यधिक आर्द्र क्षेत्रों में जैव पदार्थ से भरपूर मिट्टी कौन-सी है?
Options:
Correct Option: C
Explanation:
पीटमय मिट्टी लगातार नमी और जलभराव वाले क्षेत्रों में बनती है। यह सुंदरबन और कुछ तटीय भागों में पाई जाती है।
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कश्मीर घाटी के समतल सतह वाले झील-निक्षेपीय टीलों को क्या कहते हैं?
Options:
Correct Option: D
Explanation:
करेवा कश्मीर घाटी के किनारों पर प्राचीन झील-निक्षेप से बने समतल या टीलानुमा भूभाग हैं।